क्या आपने कभी किसी कुम्हार को चाक पर मिट्टी के बर्तन बनाते देखा है ? देखिये किस तरह वह मिट्टी को गूंधकर चाक पर घुमाकर मन चाही आकृति प्रदान कर मिट्टी के बर्तन बना देता है । पसंद न आने पर तोड़कर फिर एक नया बर्तन बना देता है ।
फिर वह उसे अंगारों में दबाकर पका देता है । और बर्तन हो गए तैयार इस्तेमाल के लिए ।
लेकिन अब यदि वह चाहे भी तो उन्हें तोड़कर दोबारा नए बर्तन नहीं बना सकता ।
क्योंकि बर्तन अब पक गए हैं ।
इसी तरह एक चित्रकार को देखिये । वह कोरे कागज़ पर मन चाहे रंग भर कर तस्वीर बनाता है ।
लेकिन एक बार तस्वीर बन गई और रंग भर दिए , तो फिर उसके बाद वह चाहे भी तो तस्वीर की शक्ल नहीं बदल सकता ।
क्योंकि तस्वीर में भरे रंग मिटाए नहीं जा सकते ।
कुछ ऐसा ही हाल बच्चों के मन मस्तिष्क का होता है ।
जब तक बच्चे का मन कच्चा है , आप उसे जो चाहे सिखा सकते हैं ।
जब तक बच्चे का मन कोरा है , आप जो चाहे उस पर रंग भर सकते हैं ।
एक बार पक गया , यानि परिपक्व हो गया , फिर चाहकर भी आप कुछ नहीं बदल पाएंगे ।
इसलिए समय रहते ही बच्चों पर ध्यान देना ज़रूरी है ।
लेकिन किस आयु तक ?
पहले जहाँ बच्चों को १४-१५ वर्ष की आयु तक समझाया जा सकता था , अब आप ८-१० वर्ष की उम्र तक ही बच्चे को काबू कर सकते हैं ।
क्योंकि उसके बाद आधुनिकता की आंधी में बहकर वह आपसे ज्यादा दुनिया देख चुका होता है ।
कहते हैं जितना शिक्षा स्कूल कॉलिज में ज़रूरी है , उतनी ही घर की शिक्षा भी ज़रूरी है ।
बल्कि घर की शिक्षा ही बच्चे को एक अच्छा इंसान और अच्छा नागरिक बनाती है ।
समय निकल जाने के बाद , सिर्फ पछताने के और कुछ हाथ नहीं आता ।
बच्चे के कोमल मन पर इंसानियत का रंग भरते समय ध्यान रहे कि रंग कच्चा न हो , वरना उतर जायेगा ।
जैसे कपड़ों से कच्चा रंग उतर जाता है ।
इसलिए यदि आवश्यकता हो , तो आप पहले अपना व्यक्तित्त्व सुधारें तभी बच्चों को कुछ सिखा पाएंगे ।
बच्चे सही रास्ते पर चलें , इसके लिए ज़रूरी है कि उनकी संगत सही हो । वरना वही हाल होगा जो एक रंगीन कपड़े को एक सफ़ेद कपडे के साथ धोने पर होता है ।
यानि एक कपड़े का काला रंग ,सफ़ेद कपड़े पर चढ़ जायेगा और फिर लाख कोशिश करलें , उतरेगा नहीं ।
और अब एक सवाल :
काले कपड़े का रंग सफ़ेद कपड़े पर चढ़कर उतरता क्यों नहीं ?
यानि यदि रंग इतना पक्का था तो उतरा क्यों ?
और यदि कच्चा था तो अब उतरता क्यों नहीं ?
शायद इसका ज़वाब कोई केमिकल या पॉलीमर इंजीनियर ही दे सकता है ।
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Monday, January 10, 2011
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