रोमेंटिक क्लाईमेट था, मैं भी अपटूडेट था
उस दिन तो सारा मामला भी सेट था
मेरे प्रेम की अमर ज्योति को बुझा गये॥"
- कवि अनीश भोला
- कवि अनीश भोला
मुझे खाने वाला नही करता,
किसी कि जी-हजूरी और जय-जयकार,
राजाओं का राजा मेरा नाम है - राज दरबार
एक-एक बाद -एक, एक के बाद एक
नही आता खाने वाला, मुझे खाने से बाज
और एक दिन दुनिया मे वो जाता है लाईलाज,
- कवि स्पर्श जैन
bahut khoob jee pehle pata chal jaataa to waaheen pahunch kar aanaand lete...ye bhee badhiyaa raha..
ReplyDeleteआभार इस रपट का...
ReplyDeleteabhinandan !
ReplyDeletebadhaai !
agle program k liye shubh kaamnaayen___________